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JEEVAN KI RAHON PAR ( जीवन की राहों पर ) Paperback

Original price was: ₹400.00.Current price is: ₹360.00.

गोर्की के आत्मचरित का यह दूसरा भाग 1916 में मंज़रे-आम पर आया और यह छाप छोड़कर गया कि मेरा बचपन में गोर्की जिस कलात्मक ऊँचाई को छूते नज़र आते हैं वह कोई ‘बिल्ली के भागों छींका टूटने’ जैसा नहीं था। इस भाग में, जिसे मेरा बचपन की निरंतरता में होते हुए भी हम आसानी से एक स्वतंत्र रचना की तरह पढ़ सकते हैं, लेखक का कैनवस पहले से कहीं अधिक व्यापक नज़र आता है और नतीजा यह निकलता है कि मधुमक्खियों के जिस छत्ते में तरह-तरह की मधुमक्खियाँ गंदा और साफ़, मीठा और कड़वा शहद ला-लाकर जमा कर रही थीं, वह छत्ता अब पहले से कई गुना बड़ा हो चुका है। उसमें शहद जमा करनेवाली मक्खियों की तादाद भी कई गुना बढ़ी हुई दिखाई देती है।
जीवन की राहों पर एक यथा नाम तथा गुण रचना है। जब लेखक सचमुच एक अनंत जीवन की राहों में भटकने के लिए निकल पड़ता है। अपनी माँ की मौत के बाद यह 14 साल का बच्चा, जो न तो बच्चा रहा और न अभी जवान हुआ, लगभग पूरे दक्षिणी रूस को अपने पाँवों तले रौंदता है और दो जून की रोटी पाने के लिए तरह-तरह के लोगों के संपर्क में आता है। कभी वह जूतों की एक दुकान में काम करता है, कभी वोल्गा के एक स्टीमर में बर्तन धोता नज़र आता है और कभी एक स्टूडियो में जा पहुँचता है जहाँ मूर्तियों की रंगाई का काम किया जाता है। और तो और, एक वक़्त ऐसा भी आता है जब अपने इर्द-गिर्द के लोगों की क्षुद्रता और जीवन की कुरूपता से दुखी होकर तिक्त (यानी कि गोर्की) हो जाता है और चुपके से अपने-आपको ज़हर भी दे देता है। इसे अब आप, हम और दूसरे सभी साहित्य-प्रेमियों का सौभाग्य ही कहा जाएगा कि यह किशोर उस ज़हर की ज़द से बाहर निकल आता है, लेकिन ग़ालिबन यहीं से उसकी आत्मा का कायाकल्प भी होता है और वह लगातार सुंदर, फिर उससे भी अधिक सुंदर, और भी अधिक सुंदर की तलाश में लग जाता है। गोर्की के आत्मचरित के इसी भाग में हम यह भी देखने-समझने लगते हैं कि भला किस तरह और क्या सोचकर उन्होंने लेखन-कार्य की ओर रुख़ किया होगा। अपने समय के रोमानी उपन्यासों से मायूस होकर यह पेशकोव नाम का नौजवान जनजीवन की छोटी-छोटी बारीकियों की तरफ़ अपनी नज़रें उठाता है और फिर तिफ़लिस के एक पत्र से जा जुड़ता है जिसमें उसकी क़लम महज़ 22 साल की उम्र में सच, कड़वा और खरा सच उगलती हुई नज़र आती है, चाहे उसका नतीजा जो भी निकले।

Weight 0.500 kg
Dimensions 24 × 14 × 2.5 cm

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